मुंबई के सेठ गोर्धनदास सुंदरदास मेडिकल कॉलेज और राजे एडवर्ड मेमोरियल यानी केईएम अस्पताल के 100वें स्थापना दिवस के अवसर पर आज एक भव्य शताब्दी समारोह का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में कौशल, रोजगार, उद्यमिता और नवाचार मंत्री तथा मुंबई उपनगर जिले के सहपालक मंत्री मंगल प्रभात लोढ़ा प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।
समारोह को संबोधित करते हुए मंत्री मंगल प्रभात लोढ़ा ने कहा कि केईएम अस्पताल में आने वाले मरीजों और उनके परिजनों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित तकनीक का व्यापक उपयोग किया जाना चाहिए। उन्होंने निर्देश दिए कि मरीजों को केंद्र और राज्य सरकार की विभिन्न स्वास्थ्य योजनाओं की जानकारी भी तकनीक के माध्यम से सहज रूप से उपलब्ध कराई जाए, ताकि जरूरतमंद लोगों को समय पर लाभ मिल सके।

मंत्री लोढ़ा ने कहा कि मेडिकल कॉलेज के विद्यार्थियों को देशभर के विशेषज्ञ डॉक्टरों और चिकित्सा क्षेत्र के दिग्गजों से जोड़ने के लिए एक आधुनिक कम्युनिकेशन सेंटर की स्थापना की जानी चाहिए। इससे विद्यार्थियों को मार्गदर्शन मिलेगा और चिकित्सा क्षेत्र में बड़े लक्ष्य तय करने में सहायता मिलेगी।
कार्यक्रम के दौरान नागरी सुविधा केंद्र के माध्यम से मरीजों और उनके रिश्तेदारों को इलाज संबंधी जानकारी, बैठने की व्यवस्था और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की आवश्यकता पर भी जोर दिया गया। साथ ही, अस्पताल के डॉक्टरों और कर्मचारियों के लिए व्यक्तित्व विकास कार्यक्रम और खेल प्रतियोगिताओं के आयोजन का सुझाव भी दिया गया।

इस अवसर पर उप आयुक्त (सार्वजनिक स्वास्थ्य) शरद उघडे ने जानकारी दी कि केईएम अस्पताल में हॉस्पिटल मैनेजमेंट इन्फॉर्मेशन सिस्टम यानी HMIS को पूरी क्षमता के साथ लागू करने की तैयारी पूरी कर ली गई है और जल्द ही इसका संपूर्ण उपयोग शुरू हो जाएगा। इससे अस्पताल की कार्यप्रणाली और अधिक पारदर्शी और प्रभावी होगी।
केईएम अस्पताल की अधिष्ठाता डॉ. संगीता रावत ने बताया कि अस्पताल में करीब 2 हजार बेड की सुविधा है और प्रतिदिन लगभग 6 हजार बाह्य रोगियों का उपचार किया जाता है। मरीजों की सुविधाओं को और बेहतर बनाने के लिए आने वाले समय में एक आधुनिक सर्विस टॉवर का निर्माण किया जा रहा है, जहां विभिन्न जांच सुविधाएं एक ही छत के नीचे उपलब्ध होंगी। इसके साथ ही मेडिकल छात्रों के लिए 1200 क्षमता वाला छात्रावास भी जल्द शुरू किया जाएगा।

शताब्दी समारोह के मौके पर केईएम अस्पताल की अब तक की सेवा यात्रा, डॉक्टरों, नर्सों और कर्मचारियों के योगदान को याद किया गया और भविष्य में तकनीक के जरिए स्वास्थ्य सेवाओं को और मजबूत करने का संकल्प दोहराया गया।