मुंबई एक बार फिर देश में तकनीकी नवाचार की मिसाल बन गई है। मुंबई कोस्टल रोड पर भारत की पहली म्यूजिकल रोड शुरू होने जा रही है। नरीमन पॉइंट से वर्ली की ओर जाने वाले मार्ग पर विशेष म्यूजिकल स्ट्रिप्स लगाई गई हैं, जिनसे गुजरते समय वाहन चालकों को फिल्म ‘स्लमडॉग मिलियनेयर’ का ऑस्कर विजेता गीत ‘जय हो’ सुनाई देगा।
यह म्यूजिकल स्ट्रिप्स सुरंग से लगभग 500 मीटर आगे उत्तर दिशा की लेन में डिवाइडर के पास लगाई गई हैं। जैसे ही वाहन 60 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे की निर्धारित गति से इन स्ट्रिप्स के ऊपर से गुजरते हैं, टायरों के घर्षण से विशेष ध्वनि तरंगें उत्पन्न होती हैं, जो एक स्पष्ट धुन का रूप ले लेती हैं। यह तकनीक इस तरह डिजाइन की गई है कि संगीत केवल निर्धारित स्पीड पर ही सही सुर में सुनाई देता है, जिससे यातायात नियमों के पालन को भी प्रोत्साहन मिलता है।

इस अनूठी परियोजना का उद्घाटन बुधवार को मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस करेंगे। बीएमसी ने इस इंस्टॉलेशन को करीब 6 करोड़ 21 लाख रुपये (जीएसटी सहित) की लागत से तैयार किया है। परियोजना को पूरा करने के लिए एक हंगेरियन कंपनी की सेवाएं ली गईं, जिसे इस तरह की मेलोडी रोड बनाने का अनुभव है।
नगर निगम अधिकारियों के अनुसार, सुरंग के भीतर ही चालकों को ‘म्यूजिकल रोड’ के बारे में सूचित करने के लिए 500, 100 और 60 मीटर पहले साइनबोर्ड लगाए गए हैं, ताकि चालक तय गति बनाए रख सकें और सुरक्षित तरीके से इस अनुभव का आनंद ले सकें।
दुनिया में इस तरह का प्रयोग सबसे पहले 2007 में जापान में हुआ था। इसके बाद हंगरी, दक्षिण कोरिया और संयुक्त अरब अमीरात जैसे देशों में भी मेलोडी रोड बनाई गईं। अब मुंबई इस सूची में शामिल होने वाला भारत का पहला शहर बन गया है।

नगर निगम का कहना है कि यह पहल आधुनिक इंजीनियरिंग और सांस्कृतिक अभिव्यक्ति का अनूठा संगम है। कोस्टल रोड पहले से ही ट्रैफिक-मुक्त और तेज यात्रा के लिए जानी जाती है, और अब म्यूजिकल रोड के साथ यह सफर और भी यादगार बनने वाला है।