Home देशपश्चिम बंगाल में घुसपैठियों को तृणमूल का संरक्षण, चुनाव कर्मचारी मौत के साए में: बीजेपी प्रवक्ता प्रेम शुक्ला का बड़ा आरोप

पश्चिम बंगाल में घुसपैठियों को तृणमूल का संरक्षण, चुनाव कर्मचारी मौत के साए में: बीजेपी प्रवक्ता प्रेम शुक्ला का बड़ा आरोप

by ashishppandya90@gmail.com
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पश्चिम बंगाल में घुसपैठिए मतदाताओं को बचाने के लिए तृणमूल कांग्रेस द्वारा संगठित तरीके से एसआईआर प्रक्रिया में बाधा डाली जा रही है। भारतीय जनता पार्टी ने आरोप लगाया है कि इससे साफ हो गया है कि तृणमूल कांग्रेस की पूरी राजनीति घुसपैठिए मतदाताओं पर टिकी हुई है। तुष्टीकरण, माफिया और अपराध की संस्कृति ही टीएमसी का असली चेहरा है।

यह आरोप बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता प्रेम शुक्ला ने शनिवार को भाजपा प्रदेश कार्यालय में आयोजित पत्रकार परिषद में लगाया। इस दौरान प्रदेश प्रवक्ता ओमप्रकाश चौहान भी मौजूद थे। प्रेम शुक्ला ने कहा कि जिस बंगाल को कभी “सोनार बांगला” के रूप में देश के लिए आदर्श माना जाता था, उस बंगाल को तृणमूल कांग्रेस ने रक्तरंजित कर दिया है।

प्रेम शुक्ला ने कहा कि पश्चिम बंगाल में लोकतंत्र और बौद्धिक परंपरा की हत्या की जा रही है और इस पर राष्ट्रीय स्तर पर बहस होनी चाहिए। उन्होंने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि वे एक निजी संस्था के कार्यालय में जबरन घुसीं और वहां से फाइलों की चोरी की, जिसे पूरे देश ने देखा। उन्होंने दावा किया कि सुप्रीम कोर्ट ने भी इस घटना पर नाराजगी जताई है।

बीजेपी प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि घुसपैठिए मतदाताओं को बचाने के लिए एसआईआर प्रक्रिया से जुड़े अधिकारियों पर दबाव डाला जा रहा है। जाधवपुर विधानसभा क्षेत्र के ईमानदार बूथ अधिकारी अशोक दास पर तृणमूल कांग्रेस के वॉर्ड नेता अनन्या बनर्जी और राजू विश्वास द्वारा दबाव डालने और गंभीर धमकियां देने का आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि इन धमकियों के चलते अशोक दास ने आत्महत्या कर ली। प्रेम शुक्ला ने कहा कि अशोक दास जैसे कर्तव्यनिष्ठ कर्मचारियों के खिलाफ हिंसा को ममता बनर्जी सरकार का संरक्षण प्राप्त है।

उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि एसआईआर प्रक्रिया के दौरान दबाव, हिंसा और तोड़फोड़ के जरिए कर्मचारियों को डराकर अल्पसंख्यक घुसपैठियों को बचाने का प्रयास किया जा रहा है, ताकि तृणमूल कांग्रेस अपनी वोट बैंक राजनीति को मजबूत कर सके।

प्रेम शुक्ला ने सवाल उठाया कि जब देश के किसी भी कोने में घुसपैठिए पकड़े जाते हैं, तो उनके पास बंगाल से जुड़े कागजात कैसे मिलते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पश्चिम बंगाल में देशविरोधी तत्वों को दस हजार से लेकर दस लाख रुपये तक के बदले फर्जी दस्तावेज बनाकर राष्ट्रीय पहचान दिलाई जा रही है, जिसके आधार पर घुसपैठिए पूरे देश में फैल रहे हैं।

उन्होंने यह भी कहा कि ममता सरकार की तुष्टीकरण की राजनीति के कारण पिछले 12 वर्षों से बंगाल के 72 सीमावर्ती इलाकों में बीएसएफ को जिम्मेदारी सौंपने और सीमा पर बाड़ लगाने का काम बाधित हो रहा है। इन्हीं इलाकों से तृणमूल कांग्रेस के संरक्षण में घुसपैठिए भारत में प्रवेश कर रहे हैं।

अशोक दास की आत्महत्या का जिक्र करते हुए प्रेम शुक्ला ने सवाल किया कि क्या पश्चिम बंगाल सरकार उनके परिवार को न्याय देगी और क्या आत्महत्या के लिए जिम्मेदार तृणमूल कांग्रेस कार्यकर्ताओं को पार्टी से बाहर निकाला जाएगा। उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में चुनाव कर्मचारी मौत के साए में काम कर रहे हैं और ममता बनर्जी सरकार राज्य को बांग्लादेश बना रही है।

इसके साथ ही उन्होंने पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार पर भी हमला बोला। प्रेम शुक्ला ने कहा कि पंजाब में मुख्यमंत्री भगवंत मान की सरकार मीडिया का गला घोंट रही है, जो 1975 की इमरजेंसी की याद दिलाता है। उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब केसरी जैसे प्रतिष्ठित अखबार के कार्यालय पर छापा मारकर कर्मचारियों के साथ मारपीट और तोड़फोड़ की गई। बीजेपी ने लोकतंत्र के चौथे स्तंभ पर इस हमले की कड़ी निंदा की।

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